पेप्सी के एक ढक्कन से बिछने लगी लाशे, जानें इसकी पूरी वजह
क्या कभी आपने सोचा है कि एक कोल्डड्रिक की बोतल का ढक्कन इतना बड़ा दंगा करवा सकता है कि उससे 5 लोगों की जान चली जाए, लोग सड़कों पर उतर जाये, हंगामा खड़ा हो जाये, तो आपको बतां दे कि ये सच है और ऐसा हुआ भी है, 1992 में पेप्सी कंपनी की एक गलती की वजह से ना सिर्फ दंगे भड़के थे, बल्कि लाखों लोग सड़कों पर उतर आये थे, चलिये बताते है आपको क्या है पूरा मामला।
1992 में फिलीपींस में पेप्सी कंपनी सोडा ड्रिंक की सेल बढ़ाने के लिए मार्केट में नंबर फीवर नाम से एक स्ट्रेटिजी लेकर आई थी, पेप्सी की इस नई स्ट्रेटिजी के तहत, पेप्सी की कंपनी ने कुछ बोतलों के ढक्कन पर लकी नंबर लिखे थे. पेप्सी का प्लान था कि जिन लोगों के पास ये लकी नंबर लिखे हुए ढक्कन होंगे, उन्हें इनाम दिया जाएगा, पेप्सी की इस स्ट्रेटिजी के चलते देश के ज्यादा से ज्यादा लोगों ने इसमें हिस्सा लिया था. लोगों को उस वक्त का इंतजार था जब पेप्सी लकी नंबर का ऐलान करेगी. इस कैंपन के तहत जिस इंसान के पास 349 नंबर खुलता, उसे इनाम के तौर पर एक मिलियन फिलीपींस पैसे देने थे।
पेप्सी से उस समय एक बहुत बड़ी गलती हो गई. पेप्सी से करीब लाखों बोतलों के ढक्कन पर 349 छप गया, जब पेप्सी ने इस लकी नंबर का ऐलान किया तो लाखों की संख्या में लोग अपने इनाम की राशि के इंतजार में लग गए. पेप्सी को जब ये बात पता चली तो उन्होंने इस राशि को देने से इंकार कर दिया. पेप्सी के इस फैसले से लाखों लोग भड़क गए। पेप्सी को जब अपनी गलती का अहसास हुआ तबतक बेहद देर हो चुकी थी. लाखों की संख्या में लोग सड़कों पर आ चुके थे.

लाखों लोग पेप्सी कंपनी के कारखाने के बाहर इकट्ठा हो गए थे. देखते ही देखते लोगों का विरोध हिंसक हो गया और इसमें कई लोग घायल हो गए और 5 लोगों को जान चली गई, 25 मई 1992 की ये वो तारिख थी जो फिलीपींस के इतिहास में एक बुरा दिन साबित हुई।





