गहलोत सरकार में अपराधी हुए बेलगाम, दलितों की हत्या तो साधु आत्मदाह पर मजबूर
राजस्थान अब अपराधियों का गढ़ बनता जा रहा है, प्रदेश में अपराधियों के बुलन्द होते हौसलों से क्राइम का ग्राफ लगातार बढ़ता जा रहा है, जिसके सामने पुलिस भी बेबस नजर आ रही है चाहे बात हम राजधानी जयपुर की करे या फिर दूसरे जिलों की राजस्थान में लॉ एंड आर्डर की धज्जियां उडाई जा रही है बढ़ते क्राइम की वजह से प्रदेश की कांग्रेस सरकार और सीएम गहलोत सवालों के घेरे में खड़े नजर आ रहे है।
जालौर में शिक्षक द्वारा दलित बच्चे की निर्मम पिटाई वो भी महज इस बात पर की बच्चे ने शिक्षक के पानी के घड़े से पानी पी लिया था दलित बच्चे के अपने घड़े से पानी पीने पर गुस्से से तिलमिलाये शिक्षक ने बच्चे को इतना पीटा की उसकी मौत हो गई जालोर मामले पर जमकर राजनीति हो रही है विपक्षी दल लगातार कांग्रेस पर सवाल खड़े कर रहे है आजादी के 75 साल पूरे होने के बाद भी इस तरह का जातिगत भेदभाव भी कहीं ना कहीं बड़े सवाल खड़े कर रहा है।

जालौर का मामला शांत भी नहीं हुआ था कि अलवर जिले के गोविंदगढ़ थाना क्षेत्र के रामबास गांव में एक विशेष समुदाय के व्यक्ति की लोगों ने चोर समझकर इतनी बेरहमी से पिटाई की की गंभीर रूप से घायल शख्स को जब अस्पताल में भर्ती कराया गया तो इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। वहीं राजधानी जयपुर में एक महिला टीचर को जिंदा जलाकर मार देने की वारदात ने इंसानियत को झकझोर कर रख दिया है बेटे को स्कूल छोड़ने जाते समय बीच सड़क पर दबंगों ने उसे घेर दिया और पेट्रोल छिड़कर आग लगा दी बेटा मां को बचाने के लिए गिड़गिड़ता रहा लेकिन दंबंगों का दिल नहीं पसीजाए अस्पताल में इलाज के दौरान महिला ने दम तोड़ दिया।

वर्ष 2022 के शुरुआती 5 महीनों के अपराध के आंकड़ों पर यदि नजर डालें तो वर्ष 2021 की तुलना में हत्या के मामलों में तकरीबन 12 प्रतिशतए लूट के मामलों में 15 प्रतिशत तो अपहरण के मामलों में 22 प्रतिशत और दुष्कर्म के मामलों में 20 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई है।

जहां एक ओर राजस्थान पुलिस के आला अधिकारी लगातार प्रदेश में क्राइम कंट्रोल का राग अलापते रहते हैंए तो वहीं दूसरी ओर उन्हीं के आंकड़े प्रदेश में अपराध की हकीकत की पोल खोलते हुए नजर आ रहे हैं चाहे बात हत्याए डकैतीए लूटए अपहरणए दुष्कर्म] चोरी और अन्य घटनाओं की होए सब में काफी बढ़ोतरी दर्ज की गई है और अपराध का जहर धीरे.धीरे फैलता जा रहा है कटघरे में खड़ी गहलोत सरकार अपराधों पर लगाम लगाने में नाकाम सी साबित हो रही हैए राजस्थान में बढ़ते अपराध को लेकर आप किसे दोषी मानते है।





