अंधविश्वास एक ऐसा विश्वास है, जिसका कोई उचित कारण नहीं होता है, अंधविश्वास में शख्स ऐसा काम भी कर देता है कि विश्वास कर पाना मुश्किल है और ऐसा ही मामला नोएडा से सामने आया है जहां एक शख्स शादी नहीं होने से परेशान होकर एक बच्ची की बलि देने की तैयारी में था, और उसके लिए उसने एक बच्ची का अपहरण भी कर लिया..चलिये बताते है क्या है पूरा मामला।
21वीं सदी और हाईटेक शहर होने के बावजूद नोएडा में तंत्र-मंत्र करने वाले तांत्रिकों का बोलबाला है और उनके कहने पर लोग नरबलि देने से भी पीछे नहीं हटते हैं। ताजा मामला नोएडा के सेक्टर-63 में सामने आया है, जहां एक तांत्रिक के कहने पर होली के शुभ मुहूर्त पर देवताओं को खुश करने के लिए एक बच्ची की बलि देने के लिए उसका अपहरण कर लिया गया, ताकि उसकी शादी हो सके।
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लेकिन, पुलिस ऐन मौके पर पुलिस मसीहा बनकर पहुंची और बलि देने के लिए अगवा मासूम को बागपत से बरामद कर लिया। इस मामले में दो आरोपियों को अपहरणकर्ता सोनू और वारदात में शामिल उसके जीजा नीटू को गिरफ्तार किया है। जबकि तांत्रिक समेत तीन अन्य आरोपियों की तलाश में पुलिस की टीमें दबिश दे रही हैं। आरोपियों को पकड़ते हुए मासूम बच्ची को सकुशल बरामद करने वाली टीम को पुलिस कमिश्नर आलोक सिंह ने 50 हजार का इनाम दिया है। पुलिस गिरफ्त में आए सोनू और नीटू वाल्मीकि सात साल की मासूम का अपहरण बलि देने के लिये किया था।
पुलिस जब मासूम बच्ची को सकुशल लेकर उसके माता-पिता के सामने पहुंची तो अपनी लाड़ली को देख उनकी आंखों से खुशी के आंसुओं का सैलाब उमड़ पड़ा। मां बार-बार कह रही थी कि नोएडा पुलिस उसके लिए किसी मसीहा से कम नहीं है।
