राजस्थान से सैंक्स रैकेट की ट्रेनिंग देने का सनसनीखेज मामला सामने आया है, सेक्स स्कैंडल में फंसाकर ब्लैकमेलिंग करने वाले गिरोह का पर्दाफाश हुआ है, ये गैंग युवतियों को पहले अपने जाल में फंसाता है फिर उन्हें ट्रेनिंग देता है, ये लड़कियां रसूखदारों से नजदीकियां बढ़ाती है और शुरू होता है ब्लैकमेलिंग का सिलसिला। इस रैकेट में महिलाओं की मुख्य भूमिका सामने आ रही है, जो राजनेताओं से लेकर डॉक्टर, बिल्डर, सरकारी कर्मचारियों को जाल में फंसाती हैं।
Luxury Life जीने की चाहत में बन गई Sex Racket की Queen, और देने लगी लड़कियों को Training
आपको बतां दे कि पिछले दिनों जोधपुर में मॉडल की सुसाइड की कोशिश के मामले में जब खुलासा हुआ तो सब हैरान थे, एक गिरोह मंत्री को हनीट्रैप में फंसाना चाहता था। इसके साथ ही राजस्थान के सबसे बड़े हनीट्रैप गैंग का खुलासा हुआ। मामले में आरोपी अक्षत शर्मा के गिरफ्तार होने के बाद जब उसकी हिस्ट्री खंगाली तो सामने आया अक्षत ने गर्लफ्रेंड आकांक्षा के साथ मिलकर ये ट्रेनिंग कैंप शुरू किया था, जिसमें खूबसूरत युवतियों को चुनकर हनीट्रैप की ट्रेनिंग दी जाती थी।
उत्तरप्रदेश के लखनऊ की रहने वाली शिखा तिवारी पिछले 14 सालों से जयपुर में रह रही है, शिखा मुंबई में डीजे अदा के नाम से फैमस थी, शिखा ने अक्षत के साथ मिलकर कई लोगों को अपना शिकार बनाया, और जयपुर के एक नामी डॉक्टर के साथ संबंध बनाकर डॉक्टर की अश्लील फोटो और वीडियो बना लिए और ब्लैकमेल करने लग गई, डॉक्टर से दो करोड़ रुपए मांगे थे। डॉक्टर ने नहीं दिए तो रेप का मामला दर्ज करा दिया था, डॉक्टर ने 78 दिन जेल में गुजारे तो उसने डॉक्टर के परिजनों से डील कर ली और कोर्ट में अपना बयान बदलने के 1 करोड़ 5 लाख रुपए ले लिए इसके बाद डॉक्टर ने मामला दर्ज करवाया था।
वहीं आकांक्षा अजमेर की रहने वाली थी, लग्जरी लाइफ जीने की चाहत ने उसे जुर्म की दुनियां में पहुंचा दिया, और फिर बन गई ब्लैकमेलिंग गिरोह की मास्टरमाइंड, अक्षत की गर्लफ्रेंड आकांक्षा उसके साथ 15 से अधिक वारदातों शामिल रही है, अक्षत और आकांक्षा लिव इन रिलेशनशिप में रहते थे, जल्द ही अमीर होने की चाहत में दोनों ने सुंदर लड़कियों को अपने गैंग में शामिल किया और उन्हें ब्लैकमेलिंग करने की ट्रेनिंग देने लगे।
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झांसी की रहने वाली श्वेता पति के मनमुटाव के बाद कोटा आ गई थी, जहां उसकी पहचान फिरोज से हुई और दोनों 2015 से लिव इन में रहने लगे साथ मिलकर दोनों पैसे वाले लोगों को खोजने लगे यहीं नहीं उन्होनें एक कॉल सेंटर बना लिया जहां से लोगों को फंसाकर उन्हें होटल में ब्लैकमेलिंग की जाने लगी। सिंगापुर की एनआरआई युवती रवनीत का नाम भी ब्लैकमेलिंग के मामले में काफी चर्चा में रहा था, जयपुर में उसने एक डॉक्टर को जाल में फंसाकर 1.35 करोड़ रुपए वसूले थे और अलवर के एक रिसोर्ट मालिक को 50 लाख लाख ले लिए थे। यहीं नहीं 7 नामी व्यापारियों को उसने जाल में फंसा कर करोड़ों रुपए ऐंठ लिए थे। गिरोह का खुलासा होने पर वह एसओजी के हत्थे चढ़ गई थी।
