मायावती ने कहा कि अंबेडकर जी ने ओबीसी, दलित वर्ग के लोगों के लिए सरकारी नौकरी में सुविधाएं व शिक्षा की व्यवस्था करने का काम किया था। लेकिन आज कुछ सरकारे नय कानून लाकर इनका हक छीन रही है और दलितों व आदिवासियों पर जुल्म बढ़ रहा है।
उन्होंने कहा कि प्रदेश में जब उनकी सरकार थी तो जाटों और मुस्लिमों की पूरी सुरक्षा थी लेकिन बीजेपी के राज में भेदभाव किया रहा है। इसके बाद उन्होंने गठबंधन को लेकर ओवैसी और चंद्रशेखर के साथ नहीं जाकर बसपा अकेले चुनाव लड़ेने का दावा किया।
बसपा ओबीसी समाज को बढ़ाने के लिए प्रयास कर रही है और केंद्र सरकार से जातीय जनगणना की मांग कर रही है। कांग्रेस पर हमला करते हुए कहा कि यह वही पार्टी है जिसने मंडल कमीशन की सिफारिशों को ठंडे बस्ते में डाले रखा जिसे बाद में बीएसपी के कारण वीपी सिंह सरकार से लागू करवाया।
भाजपा सरकार ने मुस्लिम समाज का विकास रोक दिया है और मुस्लिम समाज के लोग दु:खी हैं। उनको फर्जी मुकदमों के माध्यम से फसाया जा रहा है और यह उनका सौतेला रवैया है। यूपी में हमारी सरकार इस समाज का पूरा ध्यान रखेगी।
