दिवाली के बाद दोनों नेताओं ने बड़े धमाके के साथ सनसनीखेज खुलासे करने का दावा किया था जो अब सही साबित होता हुआ नजर आ रहा है। पूर्व CM फडणवीस ने आरोप लगाया कि नवाब मलिक पर करोड़ों की जमीन कौड़ियों के दाम में खरीदने का आरोप लगाया और कहा कि नवाब मलिक भी इस कंपनी से कुछ समय के लिए जुड़े हुए थे। इसके बाद कहा कि सरदार शाह वली खान और हसीना पारकर के करीबी सलीम पटेल के नवाब मलिक के साथ बहुत अच्छे व्यवसायिक संबंध हैं। देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि उनके मंत्री के रहते हुए यह सौदा कैसे हुआ और मुंबई के गुनाहगारों से जमीन खरीदने की क्या जरूरत थी। इस बात को सभी जानते है कि TADA के दोषी की संपत्ति केवल सरकार जब्त कर सकती है लेकिन ऐसा नहीं हुआ जो साफ तौर पर कई सवाल खड़े करता है।
इसके बाद एनसीपी नेता नवाब मलिक ने पूर्व सीएम फडणवीस पर कई गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि जब फडणवीस सीएम थे तो जाली नोटों का कारोबार कर रहे थे। उनकी जानकारी में कई देशों में यह कारोबार हो रहा था। 2017 में एक छापेमारी में लगभग 15 करोड़ से ज्यादा के जाली नोट पकड़े जाने के मामले को सीएम ने दबा दिया था। सीएम ने अपने कार्यकाल के दौरान एक माफिया जिसका नामम मुन्ना यादव है जिसको कंस्ट्रक्शन बोर्ड का अध्यक्ष बनाया। मलिक ने कहा कि दाउद इब्राहिम का करीबी रियाज भाटी और फडणवीस के बीच संबंधों को लेकर भी आरोप लगाये हैं।
