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अब तक ऐसा जीवन रहा कॉंग्रेस के नए अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे का

प्रकाशित: Oct 19, 2022 23:18रिपोर्ट: Navtej TV

भारतीय राष्ट्रीय काँग्रेस के नए ताज़ा-तरीन अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे अब कॉंग्रेस के नए अध्यक्ष बन गए है, उन्हे 7897 वोट मिले है। मल्लिकार्जुन खड़गे भारतीय राजनीति में कोई नया नाम नहीं है, उन्हे राजनीति का बेहद ही विशाल 50 वर्षों का अनुभव रहा है। खड़गे काँग्रेस के जमीनी नेता रहते हुए विभिन्न पदों पर बैठ चुके है। 80 वर्षीय कॉंग्रेस के इस जमीनी नेता की पारिवारिक पृष्ठभूमि बेहद ही कमजोर रही है। इन्होंने बचपन में गरीबी और त्रासदी झेली तो जवानी संघर्ष में गुजारी।

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मल्लिकार्जुन खड़गे कॉंग्रेस के जमीनी नेता रहते हुए भी विभिन्न पदों पर आसीन रह चुके है। खड़गे का जन्म 1942 में कर्नाटक के बीदर जिले के वरवती गाँव में हुआ था। इनके पिता का नाम मापन्न खड़गे और माता का नाम साईबव्वा है। इनकी पत्नी का नाम राधाबाई है और इनकी 5 संतान जिनमे 3 बेटे और 2 बेटियाँ है, इनके एक बेटे प्रियांक खड़गे कर्नाटक के कलबुरगी जिले की चितापूर विधानसभा सीट से कांग्रेसी विधायक है।

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खड़गे ने बचपन में ही अपनी माँ को सांप्रदायिक दंगों में खो दिया और इन्हे घर भी छोड़ने पर मजबूर होना पड़ा। इसके बाद से खड़गे अपने परिवार सहित गुलबर्गा आकर रहने लगा, और यही से खड़गे ने अपने छात्र जीवन काल में राजनीति में कदम रखा और छात्रसंघ महासचिव के रूप में चुने गए। इन्होंने अपनी कॉलेज से हॉकी, फुटबाल और कबड्डी मैच खेले और कई पुरस्कार हासिल किए। जीवन में एक लंबे समय तक वकालत करने के बाद खड़गे ने 1969 में सक्रिय राजनीति का दामन थामा। इन्हे 1969 में गुलबर्गा सिटी कॉंग्रेस कमिटी का अध्यक्ष बनाया गया। कर्नाटक में खड़गे को 'सोलिलादा सरदारा' यानी 'अजेय सरदार' के नाम से भी जाना जाता है। खड़गे अपने जीवन के 50 सालों में विधायक, मंत्री, कॉंग्रेस प्रदेश अध्यक्ष, विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष, सांसद, केंद्रीय रेल मंत्री, श्रम मंत्री, राज्यसभा सांसद, राज्यसभा में नेता प्रतिपक्ष और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष जैसे पदों पर रहकर पार्टी को अपनी सेवाएँ दे चुके है, और आज इन्होंने अपनी काबिलियत के दम पर भारतीय राष्ट्रीय कॉंग्रेस के अध्यक्ष पद को चुनाव के जरिए हासिल कर लिया है।