राज्यसभा चुनाव: विधायकों को खुश करने के लिए गहलोत सरकार का बड़ा फैसला
गहलोत सरकार ने राज्यसभा चुनावों से पहले सभी विभागों से तबादलों पर लगे बैन को हटा दिया है। इस आदेश को राज्यसभा चुनावों से जोड़कर देखा जा रहा है क्योंकि कांग्रेस उम्मीदवारों को लेकर पार्टी के विधायक ही बगावत करने पर उतर आए थे। तबादलों पर बैन हटाने की समय सीमा तय नहीं की है और इसी वजह से अगले आदेशों तक बैन नहीं रहेगा।
मुस्लिम से हिन्दू बने Waseem Rizvi उर्फ जितेंद्र त्यागी हुए बेघर फुटपाथ पर गुजारी रात
शिक्षा और मेडिकल सहित सभी विभागों में बड़ी संख्या में तबादले से कर्मचारियों को बड़ी राहत मिलेगी। गहलोत सरकार ने नौ महीने बाद बैन हटाया हैं। इस फैसलों से विधायकों को खुश करने की कोशिश के रूप में देखा जा रहा है। कांग्रेस और निर्दलीय विधायक तबादलों से रोक हटाने की मांग कर रहे थे।
राज्यसभा चुनावों में गहलोत सरकार को तीन उम्मीदवार को जीताने तक 123 विधायकों को खुश करना है। क्योंकि बीजेपी दूसरी उम्मीदवार को चुनावी मैदान में उतारने की बात कहते हुए कांग्रेस की चिंता बढ़ा दी है। थर्ड ग्रेड टीचर्स के तबादले तीन साल में नहीं हुए और पिछले दिनों शिक्षा मंत्री बीडी कल्ला ने ट्रांसफर पॉलिसी से पहले बैन हटाने पर पुराने सिस्टम से तबादले करने के संकेत दिए थे।

इस फैसले के बाद तबादलों में विधायकों की सिफारिश चलेगी और इसका फायदा विधायकों को मिलेगा। कांग्रेस इस बार एक लाख से ज्यादा तबादले होने की संभावना दिख रही है। तबादलों के लिए प्रोसेज और टाइम टेबल भी जल्द जारी होगा।





